Bikapur, Ayodhya में Gitti
Gitti यानी तोड़ा हुआ पत्थर, वो चीज़ है जो कंक्रीट को उसकी असली ताक़त देती है। Cement और रेत मिलकर सिर्फ़ जोड़ का काम करते हैं — भार असल में पत्थर के दानों से होकर गुज़रता है। इसीलिए Gitti का दाना, सफ़ाई और size तीनों मायने रखते हैं। Balaji Mart के Bikapur yard में Gitti अलग bay में रखी रहती है।
कंक्रीट में Gitti का काम
कंक्रीट में Gitti सबसे ज़्यादा जगह घेरती है। उसके दाने आपस में टिककर एक ढाँचा बनाते हैं और भार उसी ढाँचे से होकर नीचे जाता है। Cement और रेत का मसाला उन दानों के बीच की जगह भरता है और उन्हें जोड़े रखता है। इसीलिए कहा जाता है कि कंक्रीट की ताक़त पत्थर से आती है।
अगर दाने गोल और चिकने हों तो वो आपस में फिसलते हैं और पकड़ कम बनती है; तोड़े हुए पत्थर के कोनेदार दाने बेहतर पकड़ते हैं। और अगर दानों पर मिट्टी की परत चढ़ी हो तो Cement सीधे पत्थर से नहीं जुड़ पाता — जोड़ मिट्टी और Cement के बीच बनता है, जो कमज़ोर होता है।
Gitti कहाँ-कहाँ लगती है
- PCCनींव के नीचे और फ़र्श के नीचे समतल base बनाने में।
- RCC — Column और BeamSaria के ढाँचे के साथ डाली जाने वाली कंक्रीट में।
- छत की ढलाईslab की कंक्रीट में, drawing के अनुपात से।
- नींव और footingभार फैलाने वाली कंक्रीट की परत में।
- भराई और सड़क का कामजहाँ मज़बूत भराई चाहिए।
Gitti गैलरी
तोड़े हुए पत्थर का ढेर, उसके साथ की रेत, और yard जहाँ दोनों अलग-अलग bay में रखे रहते हैं। किसी भी फ़ोटो पर टैप करके उसे बड़ा देखें।



Gitti का size कौन तय करता है
Gitti एक ही नाप की नहीं आती — दाने का size काम के हिसाब से बदलता है। जहाँ Saria पास-पास हो, जैसे पतले Beam या slab में, वहाँ छोटा दाना चाहिए ताकि कंक्रीट Saria के बीच से ठीक से नीचे तक पहुँच जाए। जहाँ मोटी परत डलनी है, वहाँ बड़ा दाना चल जाता है।
कौन-सा size आपके काम में लगेगा, यह आपका इंजीनियर या मिस्त्री drawing और Saria की दूरी देखकर बताएगा। इस पेज पर कोई size या अनुपात नहीं लिखा गया, क्योंकि यह हर घर में और हर हिस्से में अलग होता है। ऑर्डर देते समय बस यह बता दीजिए कि किस काम के लिए चाहिए।
ऑर्डर से पहले इतना पूछ लीजिए:
- किस काम के लिए — PCC, RCC, slab या भराई
- मिस्त्री ने कौन-सा दाना कहा है
- Saria की आपस की दूरी कितनी है
- कितनी मात्रा, नाप के हिसाब से
अच्छी Gitti कैसे पहचानें
सबसे पहले दाने का आकार देखिए। तोड़े हुए पत्थर के दाने कोनेदार होने चाहिए, गोल और चिकने नहीं। बहुत चपटे या लंबे-पतले टुकड़े भी अच्छे नहीं माने जाते, क्योंकि वो दबाव में आसानी से टूट जाते हैं और कंक्रीट में ख़ाली जगह छोड़ते हैं।
दूसरी चीज़ सफ़ाई है। मुट्ठी भर Gitti उठाकर छोड़िए — अगर हथेली पर मिट्टी की परत रह जाए, तो दानों पर धूल चढ़ी है और उसे धुलवाना पड़ेगा। ढेर में मिट्टी, कचरा या बहुत ज़्यादा बारीक चूरा नहीं होना चाहिए। रंग भी एक जैसा हो; जगह-जगह अलग रंग का मतलब है कि दो अलग जगह का माल मिला हुआ है।
ढेर पर खड़े होकर इतना देखिए:
- दाने कोनेदार हों, गोल या चिकने नहीं
- बहुत चपटे और लंबे टुकड़े कम हों
- हाथ पर मिट्टी की परत न छूटे
- मिट्टी, कचरा और बारीक चूरा कम हो
- पूरे ढेर में रंग और दाना एक जैसा
- दाना का नाप मिस्त्री के बताए हिसाब से
साइट पर Gitti रखना और इस्तेमाल
Gitti का ढेर सीधे कच्ची ज़मीन पर डालने से नीचे की मिट्टी उसमें मिल जाती है, और ठीक वही मिट्टी बाद में कंक्रीट की पकड़ कम करती है। नीचे साफ़ सतह या ईंटों की परत बनाइए, और ढेर को चारों तरफ़ से घेर दीजिए ताकि वो फैले नहीं।
Gitti और रेत के ढेर अलग-अलग रखिए, वरना नाप का हिसाब बिगड़ता है। ढलाई से पहले अगर दानों पर धूल दिख रही हो तो पानी डालकर धो लेना बेहतर रहता है — साफ़ पत्थर पर Cement की पकड़ सीधी बनती है। मसाले का अनुपात हमेशा अपने इंजीनियर या मिस्त्री से तय कराइए।
ग्राहक Balaji Mart क्यों चुनते हैं
ADG Balaji Group की विरासत
40+ साल की Group विरासत के साथ Bikapur का yard।
कंक्रीट का पूरा सामान
Gitti, Morang, Balu, Cement और Saria एक ही जगह।
ढेर देखकर लीजिए
दाना, सफ़ाई और रंग ख़ुद देखकर तय कीजिए।
काम के हिसाब से
किस काम के लिए चाहिए, बता दीजिए — उसी हिसाब से निकालेंगे।
कितनी Gitti लगेगी
मात्रा कंक्रीट की मात्रा और मसाले के अनुपात से निकलती है, और वो अनुपात आपके इंजीनियर की drawing में लिखा होता है। इस पेज पर कोई हिसाब नहीं दिया गया, क्योंकि हर काम में अनुपात अलग होता है। नाप बनवाकर लाइए।
ढलाई वाले दिन Gitti, रेत और Cement तीनों साइट पर होने चाहिए और आपस में मिले हुए नहीं होने चाहिए। ढलाई बीच में रुक जाए तो जोड़ कमज़ोर पड़ता है, इसलिए एक चरण का पूरा सामान एक दिन पहले मँगवा लेना बेहतर रहता है।
साथ में Morang और Balu, Cement और TMT Saria भी उसी yard से मिल जाते हैं। आज की उपलब्धता के लिए 9554 9553 50 पर पूछ लीजिए।
इनसे जुड़े पेज
Balaji Mart का एक ही showroom है, Bikapur के Dhandhe Baba Chauraha पर — आसपास के गाँवों से ग्राहक Gitti के लिए यहीं आते हैं। देखिए हमारी सेवा के क्षेत्र।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
Gitti कंक्रीट में क्या करती है?
कंक्रीट में सबसे ज़्यादा जगह Gitti घेरती है और भार उसी के दानों से होकर नीचे जाता है। Cement और रेत का मसाला उन दानों को जोड़े रखता है। इसीलिए कंक्रीट की ताक़त काफ़ी हद तक पत्थर से आती है।
Gitti का कौन-सा size लेना चाहिए?
यह काम पर निर्भर करता है। जहाँ Saria पास-पास हो वहाँ छोटा दाना चाहिए, और मोटी परत में बड़ा दाना चल जाता है। सही size अपने इंजीनियर या मिस्त्री से पूछकर तय कीजिए।
Gitti पर मिट्टी लगी हो तो क्या करें?
ढलाई से पहले पानी डालकर धुलवा लेना बेहतर रहता है। मिट्टी की परत Cement को सीधे पत्थर से जुड़ने नहीं देती, जिससे जोड़ कमज़ोर बनता है।
Showroom कहाँ है और कब खुला रहता है?
Balaji Mart Dhandhe Baba Chauraha, NH-330, Faizabad - Sultanpur Rd, Sherpur Para, Bikapur, Hirdayi Pur, Uttar Pradesh 224206 पर है और सोमवार से रविवार, सुबह 9 से रात 8 बजे तक खुला रहता है।
आइए, कॉल करें या मैसेज भेजिए
- 9554 9553 50
- Dhandhe Baba Chauraha, NH-330, Faizabad - Sultanpur Rd, Sherpur Para, Bikapur, Hirdayi Pur, Uttar Pradesh 224206
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सोमवार से रविवार, सुबह 9 से रात 8 बजे तक · ADG Balaji Group की 40+ साल की विरासत
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